प्रतिबद्धता – Commitment Story About Leadership in Hindi

हर व्यक्ति सपने देखता है और उन्हें पूरा करने के लिए हरसंभव प्रयास करता है| लेकिन कुछ लोग ही अपने सपनों को पूरा कर पाते है क्योंकि ज्यादातर लोग मुसीबतें आने पर अपने लक्ष्य से पीछे हट जाते है|

असफल लोगों के पास बचने का एकमात्र साधन यह होता है कि वे मुसीबत आने पर अपने लक्ष्य को बदल देते है|”

 

सारे जहाज जला दो – Burn Your Ships/Bridges Story of Spartan King

कई वर्षों पहले एक योद्धा (Spartan King ) के सामने एक बहुत बड़ी मुसीबत आ गयी| उसे एक ऐसी सेना के साथ युद्ध करना था, जो बहुत ही शक्तिशाली थी| योद्धा के पास बहुत ही कम संसाधन और सैनिक थे जबकि विरोधी सेना के पास उनसे 10 गुना ज्यादा सैनिक और हथियार थे |

योद्धा ने युद्ध करने का फैसला किया और अपने सैनिकों को युद्ध के लिए तैयार होने को कहा| योद्धा ने हथियारों के साथ सैनिकों को जहाज में भरा और समुन्द्र के रास्ते दुश्मन देश की तरफ आगे बढ़ने लगे|

गतंव्य स्थल पर पहुँचने के बाद जहाज में से सारे हथियार और सैनिकों को उतारने के बाद जहाज को जलाने का आदेश दे दिया|

story of spartan king hindi

योद्धा ने अपने सैनिकों को संबोधित करते हुए कहा – “आप देख रहे है कि सारे जहाज जला दिए गए है| अब हम तब तक वापस जिन्दा नहीं लौट सकते, जब तक कि हम जीत न जाएं| हमारे पास “जीत” के आलावा कोई विकल्प नहीं| या तो हम जीतेंगे या फिर मरेंगे”  

योद्धा की सेना ने बड़ी वीरता के साथ युद्ध किया और वे अपने से 10 गुना ताकतवर दुश्मन से जीत गए|

योद्धा की जीत का केवल एक ही कारण था – “दृढ़ निश्चय”| उन्होंने पीछे हटने का कोई रास्ता नहीं छोड़ा और इसलिए वे जीत गए|

पीछे हटने के सारे रास्ते जला दो – Burn Your Bridges

ज्यादातर लोग जोखिम से बचने के लिए “बैकअप प्लान” बनाते है| लक्ष्य को प्राप्त करने में आने वाली मुसीबतो और प्रतिकूल परिस्थिति में “बैकअप प्लान” आपकी सबसे बड़ी कमजोरी बनकर आपको लक्ष्य से भटकने के लिए मजबूर करता है|

बीच रास्ते से लौटने का कोई फायदा नहीं क्योंकि लौटने पर आपको उतनी ही दूरी तय करनी पड़ेगी जितनी दूरी तय करने पर आप लक्ष्य तक पहुँच सकते है|

जो व्यक्ति वाकई में अपना लक्ष्य प्राप्त करना चाहते है उनके पास किसी भी तरह का “बैकअप प्लान” नहीं होता| सच्चे लीडर्स का लक्ष्य निश्चित होता है और वे पीछे हटने के सारे रास्ते जला देते हैं| ऐसा करके वे यह सुनिश्चित कर देते है कि अब भले ही कितनी भी मुसीबतें आ जाए वे लक्ष्य की ओर आगे ही बढ़ेंगे, उनके पास पीछे हटने का कोई विकल्प नहीं|

“मुसीबतें आने पर आपको रास्ते बदलने की जरुरत होती है, लक्ष्य नहीं”

 “When obstacles arise, you change your direction to reach your goal; you do not change your decision to get there.”

 

Published by

HAPPYHINDI

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6 thoughts on “प्रतिबद्धता – Commitment Story About Leadership in Hindi”

  1. लक्ष्य पाना है तो पाना चाहे 1 मुश्किल आये या हज़ार

  2. I am looking for a motivational story for teenager kids which teach them value of time ,patience and organising in group in the form of play of 10 mins.can anyone help?

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